राष्ट्रीय स्वास्थ्य बीमा योजना |Rashtriya Swasthya Bima Yojana In Hindi

राष्ट्रीय स्वास्थ्य बीमा योजना |Rashtriya Swasthya Bima Yojana

सामाजिक सुरक्षा और सभी के लिए स्वास्थ्य आश्वासन भारत सरकार के आदर्श कार्य है, और इस संबंध में सरकार द्वार्रा विभिन्न कदम उठाए गए हैं। जिनमे केन्द्रीय सरकार द्वारा अधिनियमित असंगठित मजदूरों के सामाजिक सुरक्षा और  कल्याण के लिए असंगठित श्रमिक सामाजिक सुरक्षा अधिनियम (2008) सबसे महत्वपूर्ण नीति है। इस अधिनियम की सिफारिश केंद्र सरकार द्वारा इस मकसद से कि गयी थी कि वे सभी असंगठित मजदूरों को विकलांगता, स्वास्थ्य झटके, मातृत्व और बुढ़ापे में उनको सामाजिक सुरक्षा प्रदान कर सकें |

भारत में स्वास्थ्य पर होने वाले खर्च का दो तिहाई भाग OOP (Out of Pocket) है जो स्वास्थ्य पर खर्च करने का सबसे अक्षम और कम से कम जवाबदेह तरीका है । आपूर्ति पक्ष का वित्तपोषण अकेले स्वास्थ्य पर OOP (Out of Pocket) व्यय को कम करने में सफल नहीं पाया गया है, इसलिए मांग पक्ष के वित्तपोषण के परीक्षण के लिए भारत सरकार ने राष्ट्रीय स्वास्थ्य बीमा योजना (RSBY) लागू करने का फैसला किया है | राष्ट्रीय स्वास्थ्य बीमा योजना (आरएसबीवाई)  का मुख्य  उद्देश्य गरीबी रेखा से नीचे के परिवारों के स्वास्थ्य पर OOP (Out of Pocket) व्यय को कम करना और स्वास्थ्य देखभाल को बढ़ाना है |

Rashtriya-Swasthya-Bima-Yojana-image-510x340

राष्ट्रीय स्वास्थ्य बीमा योजना को 2008 के शुरुआत में शुरू किया गया था | शुरुआत में इसे गरीबी रेखा से नीचे (BPL) परिवारों को ध्यान में रख कर ही इसे डिजाइन किया गया था , लेकिन, बाद में असंगठित मजदूरों के अन्य परिभाषित श्रेणियों को कवर करने के लिए इसे विस्तारित किया गया है :

1. कल्याण बोर्ड के साथ पंजीकृत भवन एवं अन्य निर्माण श्रमिक

2. लाइसेंस रेलवे कुली (License Railway Porters)

3. स्ट्रीट वेंडर्स (Street Vendors)

4. मनरेगा श्रमिक जिन्होंने पिछले वित्तीय वर्ष के दौरान 15 दिनों से अधिक काम किया है |

5. बीड़ी श्रमिक (Beedi Worker)

6. घरेलू श्रमिक (Domestic Worker)

7. सफाई कर्मचारी (Sanitation Worker)

8. खान श्रमिक (Mine Worker)

9. रिक्शा चालक (Rickshaw Puller )

10 कूड़ा बीनने वाले (Rag Picker)

11. ऑटो / टैक्सी चालक (Auto/Taxi Driver)

rsby

राष्ट्रीय स्वास्थ्य बीमा योजना भारतीय गरीबों के लिए एक सरकारी स्वास्थ्य बीमा योजना है। यह जनता को सरकारी अस्पतालों के साथ ही निजी में अस्पताल में  भी भर्ती होने के लिए कैशलेस बीमा सुविधा प्रदान करता है। योजना को 1 अप्रैल 2008 में शुरू किया गया और भारत के 25 राज्यों में लागू किया गया | फरवरी 2014 तक इस योजना के तहत 36 लाख परिवारों ने अपना नामांकन करवा लिया था | राष्ट्रीय स्वास्थ्य बीमा योजना शुरुआत में श्रम और रोजगार मंत्रालय के तहत था परन्तु बाद में इसे 1 अप्रैल 2015 को स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय को सौंप दिया गया |

राष्ट्रीय स्वास्थ्य बीमा योजना |Rashtriya Swasthya Bima Yojana

” गरीबी रेखा से नीचे ” ( बीपीएल)/Below Poverty Line (BPL) के हर परिवार को जिनके पास पीला राशन कार्ड है उनको उनकी उंगलियों के निशान और तस्वीरों से युक्त एक बॉयोमीट्रिक सक्षम स्मार्ट कार्ड पाने के लिए ₹ 30 पंजीकरण शुल्क का भुगतान करना होगा | यह स्मार्ट कार्ड उन्हें पैनल में शामिल किसी भी अस्पतालों में रोगी चिकित्सा देखभाल के लिए  30000 प्रति वर्ष प्रति परिवार की बीमा सुविधा प्राप्त करने के लिए उन्हें सक्षम बनाता है | एक घर के मुखिया उनकी पत्नी, तीन बच्चे और आश्रित माता-पिता को पूर्व मौजूदा बीमारियों के लिए पहले दिन से कवर दिया जायेगा |

012059BN-SC Hindi RSBY Banner UP-01_0

पिछले चार वर्षों वर्ष 2012-13 ,2013 -14 , 2014 -15 ,2015 -16 के आम बजट में सरकार ने राष्ट्रीय स्वास्थ्य बीमा योजना के लिए क्रमशः ₹ 1568.56  करोड़, ₹ 1265.00 करोड़, ₹ 1319.30 करोड़, ₹ 700.00 करोड़ रुपये का आवंटन किया है । हालांकि 31 मार्च, 2011 तक पूरे बीपीएल आबादी (लगभग 37.2 तेंदुलकर समिति के अनुमानों के अनुसार कुल भारतीय आबादी का प्रतिशत) का लगभग 10 प्रतिशत आबादी ने इस योजना के तहत अपना नामांकन करवाया है | पूरे बीपीएल आबादी को कवर करने के लिए सरकारी खजाने से कम से कम ₹ 3350 करोड़ की लागत लगने की उम्मीद है |


लाभार्थी कौन है ?

लाभार्थी किसी भी गरीबी रेखा से नीचे (BPL) का परिवार, जिसकी जानकारी जिले बीपीएल सूची में शामिल है | पात्र परिवारों को नामांकन स्टेशन में जाना होगा और घर के मुखिया की पहचान की पुष्टि अधिकृत सरकारी अधिकारी के द्वारा कि जाएगी |

 

loading...

Comments

  1. Reply

Leave a Reply